इंदौर। शकर बाजार में लगातार तीसरे कारोबारी दिन गिरावट का दौर जारी रहा। स्टॉकिस्टों की मुनाफावसूली के बीच अब कुछ शकर मिलों ने भी बिक्री टेंडर के भाव कम कर दिए हैं। मंगलवार को शकर के दाम 100 रुपये प्रति क्विंटल घटकर 6000 से 6100 रुपये रह गए। हालांकि कीमतों में कमी के बावजूद बाजार में कारोबार कमजोर बताया जा रहा है।

व्यापारियों का मानना है कि मिलों की ओर से कम भाव पर टेंडर जारी होने और सरकार द्वारा कीमतों को नियंत्रित करने के प्रयासों के कारण आने वाले दिनों में शकर के भाव पर और दबाव देखने को मिल सकता है।


स्टॉकिस्टों की बिकवाली से बाजार पर दबाव

बाजार से जुड़े कारोबारियों के मुताबिक पिछले दिनों कम कीमत पर शकर खरीदने वाले स्टॉकिस्ट अब ऊंचे स्तर पर मुनाफावसूली कर रहे हैं। इसके चलते पिछले तीन कारोबारी सत्रों से कीमतों में लगातार कमजोरी बनी हुई है।

मंगलवार को कुछ मिलों ने लंबे समय बाद अपने बिक्री टेंडर के भाव भी घटाए। इससे बाजार में मंदी की धारणा और मजबूत हुई है। शकर की आवक करीब तीन गाड़ी बताई गई।

शकर के सामान्य भाव 6000-6100 रुपये और बेस्ट क्वालिटी के भाव करीब 6150 रुपये प्रति क्विंटल रहे।


सरकार के प्रयासों से स्टॉकिस्टों में सतर्कता

शकर की बढ़ती कीमतों को नियंत्रित करने के लिए सरकार की ओर से किए जा रहे प्रयासों का असर भी बाजार की धारणा पर दिखाई दे रहा है। व्यापारियों के अनुसार इससे स्टॉकिस्टों और सट्टा कारोबार से जुड़े लोगों में सतर्कता बढ़ी है।

मिलें भी अपने पास मौजूद स्टॉक को कम करने की कोशिश कर रही हैं। यदि मिलों की ओर से बिक्री टेंडर के भाव में और कमी आती है तो थोक बाजार में शकर की कीमतों पर अतिरिक्त दबाव बन सकता है।


नारियल और खोपरा में त्योहारी मांग बढ़ी

दूसरी ओर नारियल बाजार में ग्राहकी अच्छी बनी हुई है, जिससे भाव मजबूत हैं। रक्षाबंधन से पहले खोपरा गोला और खोपरा बूरा की खरीदारी में भी तेजी देखने को मिल रही है।

नारियल की आवक करीब एक गाड़ी रही। नारियल 120 भरती का भाव 3400 रुपये, 160 भरती 3800 रुपये, 200 भरती 4400 रुपये और 250 भरती का भाव करीब 5000 रुपये प्रति बोरी रहा।

खोपरा गोला बॉक्स में 360-415 रुपये और कट्टे में 345-350 रुपये प्रति किलो बोला गया। खोपरा बूरा के भाव 3200 से 5850 रुपये प्रति 15 किलो रहे।


साबूदाने में थोक मांग मजबूत

श्रावण समाप्त होने के बाद साबूदाने की खुदरा मांग में कुछ कमी आई है, लेकिन थोक बाजार में खरीदारी अभी भी मजबूत बनी हुई है।

साबूदाना उत्पादक केंद्र सेलम में भी मांग अच्छी बताई जा रही है। कारोबारियों के मुताबिक आगामी गणेश चतुर्थी और नवरात्रि को देखते हुए व्यापारियों की खरीदारी बनी हुई है। इन त्योहारों में साबूदाने की खपत बढ़ने की उम्मीद के कारण फिलहाल कीमतों में बड़ी गिरावट की संभावना कम बताई जा रही है।


गुड़ के भाव भी बने हुए हैं मजबूत

थोक बाजार में गुड़ भैली के भाव 6000-6100 रुपये, कटोरा गुड़ 6400-6500 रुपये और लड्डू गुड़ 6600-6700 रुपये प्रति क्विंटल रहे। महाराष्ट्र गुड़ ग्लास का भाव 6700 से 7000 रुपये प्रति क्विंटल बताया गया।


मसालों के प्रमुख भाव

मसाला बाजार में काली मिर्च 755-760 रुपये, हल्दी निजामाबाद 230-250 रुपये, हल्दी सांगली 310-320 रुपये और जीरा 240-245 रुपये प्रति किलो के आसपास रहा। बेहतर क्वालिटी का जीरा 310 रुपये तक बोला गया।

हरी इलायची के भाव 3500 से 3800 रुपये, मीडियम क्वालिटी 4000-4200 रुपये और बेहतर क्वालिटी 4400 से 4600 रुपये प्रति किलो के दायरे में रहे।


सूखे मेवों में भी कारोबार जारी

सूखे मेवों में काजू W-240 करीब 940-960 रुपये, W-320 करीब 880-890 रुपये और W-300 करीब 820-830 रुपये प्रति किलो रहा।

अमेरिकन बादाम 980-1015 रुपये, मखाना 900-975 रुपये और बेहतर क्वालिटी का मखाना 1125-1175 रुपये प्रति किलो बोला गया। पिस्ता कंधारी के भाव 2950 से 3000 रुपये प्रति किलो के आसपास रहे।

फिलहाल बाजार की सबसे ज्यादा नजर शकर की कीमतों पर बनी हुई है। मिलों द्वारा बिक्री टेंडर के भाव घटाने के बाद आने वाले कारोबारी सत्रों में शकर की कीमतों में और नरमी आती है या निचले स्तर पर मांग बढ़ती है, यह महत्वपूर्ण रहेगा।