रायपुर। रेलवे स्टेशन परिसर में यात्रियों की सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए रेलवे सुरक्षा बल (RPF) और रेलवे प्रशासन ने नियम तोड़ने वालों के खिलाफ सख्ती बढ़ा दी है। रायपुर और भाटापारा रेलवे स्टेशनों पर चलाए गए विशेष अभियान के तहत नो पार्किंग क्षेत्र में वाहन खड़ा करने और अवैध रूप से सामान बेचने वालों के खिलाफ बड़े पैमाने पर कार्रवाई की गई। वर्ष 2025-26 के दौरान कुल 3,805 लोगों पर कार्रवाई कर 20 लाख रुपये से अधिक का जुर्माना वसूला गया।
नो पार्किंग में वाहन खड़ा करना पड़ा महंगा
आरपीएफ अधिकारियों के मुताबिक, रेलवे अधिनियम की धारा 159 के तहत नो पार्किंग क्षेत्र में वाहन खड़ा करने वाले 2,025 लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई। स्टेशन परिसर में यातायात व्यवस्था प्रभावित करने वाले वाहनों पर लगातार नजर रखी गई और नियमों का उल्लंघन मिलने पर संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई।
इसके अलावा रेलवे अधिनियम की धारा 144 के तहत स्टेशन परिसर और ट्रेनों में बिना अनुमति सामान बेचने वाले 1,780 अवैध वेंडरों पर शिकंजा कसा गया।
3,805 लोगों पर कार्रवाई, 20 लाख से ज्यादा जुर्माना
रेलवे प्रशासन के अनुसार, नो पार्किंग और अवैध वेंडिंग के मामलों को मिलाकर कुल 3,805 लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई। इन मामलों में 20 लाख रुपये से अधिक का जुर्माना वसूला गया है। रेलवे का कहना है कि अभियान का उद्देश्य स्टेशन परिसर को अतिक्रमण, अवैध गतिविधियों और यातायात अव्यवस्था से मुक्त रखना है।
आगे भी जारी रहेगा विशेष अभियान
रेल प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि स्टेशन परिसर में नो पार्किंग क्षेत्र में वाहन खड़ा करने, बिना अनुमति फेरी लगाने और अवैध रूप से कारोबार करने वालों के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। यात्रियों से रेलवे नियमों का पालन करने के साथ ही किसी संदिग्ध या अवैध गतिविधि की जानकारी आरपीएफ अथवा रेलवे प्रशासन को देने की अपील की गई है।
भाटापारा स्टेशन पर किलाबंदी कर टिकट जांच
इधर, वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक डॉ. सुस्कर विपुल विलासराव के निर्देश पर भाटापारा रेलवे स्टेशन पर किलाबंदी कर विशेष टिकट जांच अभियान चलाया गया। इस दौरान सभी प्लेटफार्मों के साथ 14 ट्रेनों की जांच की गई।
अभियान में कुल 287 मामले दर्ज कर 2 लाख 45 हजार 835 रुपये का जुर्माना वसूला गया। जांच के दौरान 191 यात्री बिना टिकट यात्रा करते पकड़े गए, जबकि 72 यात्री अनियमित टिकट के साथ मिले।
इसके अलावा निर्धारित सीमा से अधिक सामान लेकर यात्रा करने के 22 मामले सामने आए। गंदगी फैलाने और धूम्रपान करने के एक-एक मामले में भी रेलवे की ओर से कार्रवाई की गई।




