अयोध्या। श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने चढ़ावा चोरी के मामले के बाद अपनी कार्यप्रणाली में बड़ा बदलाव करने का निर्णय लिया है। पारदर्शिता बढ़ाने और श्रद्धालुओं का भरोसा मजबूत करने के उद्देश्य से अब ट्रस्ट हर महीने की ऑडिट रिपोर्ट अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर सार्वजनिक करेगा। इससे देश-विदेश के श्रद्धालु मंदिर की आय-व्यय, दान और खर्च से जुड़ी जानकारी आसानी से देख सकेंगे।
अब तक ट्रस्ट की वित्तीय ऑडिट रिपोर्ट वित्तीय वर्ष समाप्त होने के बाद साल में एक बार तैयार की जाती थी और केवल ट्रस्ट की बैठक में ट्रस्टियों के सामने पेश की जाती थी। आम श्रद्धालुओं को यह जानकारी उपलब्ध नहीं होती थी। नई व्यवस्था लागू होने के बाद हर महीने की आय, व्यय, दान, खर्च और वित्तीय स्थिति का ब्यौरा वेबसाइट पर अपलोड किया जाएगा।
सूत्रों के मुताबिक, हाल ही में सामने आए चढ़ावा चोरी प्रकरण के बाद ट्रस्ट ने यह कदम उठाया है। ट्रस्ट का मानना है कि वित्तीय जानकारी सार्वजनिक होने से मंदिर के संचालन और धन प्रबंधन को लेकर पारदर्शिता बढ़ेगी तथा श्रद्धालुओं के मन में किसी प्रकार की शंका नहीं रहेगी।
ऑडिट रिपोर्ट के साथ अन्य जानकारी भी होगी उपलब्ध
नई व्यवस्था के तहत वेबसाइट पर केवल मासिक ऑडिट रिपोर्ट ही नहीं, बल्कि ट्रस्ट की बैठकों में लिए गए प्रमुख फैसले, मंदिर निर्माण की प्रगति, प्रशासनिक निर्णय, नई सुविधाएं, धार्मिक आयोजन और अन्य महत्वपूर्ण गतिविधियों की जानकारी भी नियमित रूप से साझा की जाएगी। इससे देश और विदेश में रहने वाले श्रद्धालु ट्रस्ट की गतिविधियों से सीधे जुड़े रह सकेंगे।
पांच वर्षों से निर्माण कार्यों का अपडेट नहीं
अब तक ट्रस्ट की वेबसाइट मुख्य रूप से दर्शन, श्रद्धालुओं की सुविधाओं और संपर्क संबंधी जानकारी तक सीमित रही है। मंदिर निर्माण और ट्रस्ट के महत्वपूर्ण निर्णयों से जुड़ी सूचनाएं लंबे समय से अपडेट नहीं की गई थीं।
वेबसाइट पर मंदिर निर्माण से संबंधित आखिरी प्रमुख जानकारी 6 फरवरी 2021 को प्रकाशित की गई थी, जिसमें एलएंडटी और टाटा कंसल्टिंग इंजीनियर्स के साथ हुए समझौते की जानकारी दी गई थी। इसके बाद मंदिर निर्माण का कार्य लगातार आगे बढ़ता रहा, लेकिन उसकी प्रगति और प्रशासनिक निर्णयों की जानकारी वेबसाइट पर नियमित रूप से साझा नहीं की गई। अब ट्रस्ट ने इस व्यवस्था में बदलाव करने का फैसला लिया है।





