रायपुर। छत्तीसगढ़ में महतारी वंदन योजना से जुड़ी महिलाओं के डेटा की सुरक्षा को लेकर राजनीतिक विवाद शुरू हो गया है। प्रदेश कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि योजना से लाभान्वित 70 लाख से अधिक महिलाओं की निजी जानकारी खतरे में हो सकती है। पार्टी ने पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच और पोर्टल की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा कराने की मांग की है।

कांग्रेस प्रदेश प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने दावा किया कि महतारी वंदन योजना के पोर्टल में सुरक्षा संबंधी गंभीर खामियां हैं। उनका आरोप है कि साइबर हमलों के जरिए लाभार्थी महिलाओं की संवेदनशील जानकारी चोरी होने और उसके दुरुपयोग की आशंका है। उन्होंने कहा कि यदि ऐसा हुआ है, तो यह महिलाओं की निजता और सुरक्षा से जुड़ा गंभीर मामला है।


सरकार से पूछे कई सवाल

कांग्रेस ने कहा कि योजना के लिए आवेदन के दौरान महिलाओं से आधार कार्ड, बैंक खाते और अन्य व्यक्तिगत जानकारियां ली गई थीं। पार्टी ने सरकार से पूछा है कि यदि डेटा लीक हुआ है, तो इसकी जिम्मेदारी किसकी है, पोर्टल की सुरक्षा में चूक कैसे हुई और अब तक सुरक्षा के लिए क्या कदम उठाए गए हैं। साथ ही प्रभावित हितग्राहियों के लिए आवश्यक सुरक्षा सलाह जारी करने की भी मांग की गई है।


सुरक्षा ऑडिट और कार्रवाई की मांग

कांग्रेस ने पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच, महतारी वंदन पोर्टल का सुरक्षा ऑडिट, ऑडिट रिपोर्ट सार्वजनिक करने और यदि किसी प्रकार की लापरवाही सामने आती है तो दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। पार्टी का कहना है कि भविष्य में किसी भी प्रकार की साइबर धोखाधड़ी की स्थिति में जवाबदेही तय की जानी चाहिए।

हालांकि, राज्य सरकार या संबंधित विभाग की ओर से अब तक महतारी वंदन योजना के डेटा लीक होने की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।