जांजगीर-चांपा। जिले में अवैध शराब के निर्माण और बिक्री के खिलाफ पुलिस का अभियान लगातार जारी है। इसी कड़ी में पुलिस सहायता केंद्र कोटमीसोनार की टीम ने ग्राम कोटमीसोनार के सबरिया डेरा में दबिश देकर कच्ची शराब बनाने के बड़े ठिकाने पर कार्रवाई की। मौके से जमीन में गड्ढे खोदकर छिपाया गया भारी मात्रा में महुआ लहान और शराब बनाने में इस्तेमाल होने वाली सामग्री बरामद की गई।

पुलिस के अनुसार, सबरिया डेरा क्षेत्र में बड़ी मात्रा में अवैध कच्ची शराब तैयार किए जाने की सूचना मिली थी। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने इलाके में दबिश दी। तलाशी के दौरान जमीन में छिपाकर रखी गई करीब 16 से 18 बोरी महुआ लहान बरामद हुई।

शराब बनाने के बर्तन और 300 पाउच मिले

कार्रवाई के दौरान पुलिस को कच्ची शराब बनाने में इस्तेमाल होने वाले बर्तन, चूल्हा, छह जरकिन और शराब की पैकिंग के लिए रखे गए करीब 300 सफेद पाउच भी मिले। इससे यहां बड़े स्तर पर कच्ची शराब तैयार किए जाने की आशंका जताई गई है।

एसडीओपी अकलतरा मैखलेन्द्र प्रताप सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मौके पर ही महुआ लहान और शराब बनाने में इस्तेमाल की जा रही सामग्री को नष्ट कराया। नष्ट की गई सामग्री की अनुमानित कीमत करीब एक लाख रुपये बताई गई है।

अवैध शराब बिक्री की मिल रही थीं शिकायतें

पुलिस के मुताबिक, कोटमीसोनार क्षेत्र के सबरिया डेरा और धनवार डेरा में कुछ लोगों द्वारा अवैध रूप से कच्ची शराब तैयार कर ऊंचे दामों पर बेचने की शिकायतें लगातार मिल रही थीं। इसी के बाद पुलिस ने कार्रवाई की। पुलिस का कहना है कि अवैध शराब के निर्माण और बिक्री के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।

इस कार्रवाई में एसडीओपी अकलतरा मैखलेन्द्र प्रताप सिंह, पुलिस सहायता केंद्र प्रभारी विनोद जाटवर, प्रधान आरक्षक तारिकेश पाण्डेय, सुधीर कुमार साहू, आरक्षक शुभम् एक्का, हमेन्द्र पाटले, जयनाथ दुग्गा, हेमंत साहू, रामकुमार नेताम और महिला आरक्षक रूखमणी कंवर की महत्वपूर्ण भूमिका रही।