जांजगीर-चांपा। छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में स्वाइन फ्लू के बाद अब स्क्रब टाइफस के मामले सामने आने लगे हैं। मौजूदा सीजन में अब तक जिले में 5 मरीजों में संक्रमण की पुष्टि हो चुकी है। इनमें से एक मरीज की इलाज के दौरान मौत हो गई, जबकि एक सक्रिय मरीज का निजी अस्पताल में उपचार जारी है। स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से सावधानी बरतने और लक्षण दिखाई देने पर तुरंत जांच कराने की अपील की है।
इलाज के दौरान एक मरीज की मौत
जानकारी के अनुसार, मृत मरीज में स्क्रब टाइफस के शुरुआती लक्षण दिखाई दिए थे। पहले उसका इलाज शिवरीनारायण स्थित साबरी अस्पताल में कराया गया। हालत गंभीर होने पर उसे बिलासपुर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
मरीज की मौत के बाद जिला सर्विलेंस इकाई सक्रिय हो गई और संक्रमण से बचाव के लिए एडवाइजरी जारी की गई।
10 से 15 सैंपलों की रिपोर्ट निगेटिव
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, जिले से जांच के लिए भेजे गए करीब 10 से 15 सैंपलों की रिपोर्ट निगेटिव भी आई है। फिलहाल विभाग संदिग्ध मरीजों पर नजर रख रहा है और प्रभावित क्षेत्रों में लोगों को जागरूक किया जा रहा है।
बारिश के मौसम में बढ़ता है खतरा
जिले में बारिश के दौरान स्क्रब टाइफस के मामले पहले भी सामने आते रहे हैं। यह संक्रमण Orientia tsutsugamushi नामक बैक्टीरिया से होता है और संक्रमित छोटे माइट्स के लार्वा, जिन्हें चिगर कहा जाता है, के काटने से फैलता है।
खेतों, झाड़ियों और लंबे घास वाले इलाकों में रहने या काम करने वालों में इसका खतरा अपेक्षाकृत अधिक माना जाता है।
ये हैं स्क्रब टाइफस के प्रमुख लक्षण
स्क्रब टाइफस के शुरुआती लक्षण सामान्य वायरल बुखार जैसे हो सकते हैं। इसमें तेज बुखार, ठंड लगना, सिरदर्द, मांसपेशियों और जोड़ों में दर्द, कमजोरी और त्वचा पर लाल चकत्ते दिखाई दे सकते हैं।
काटने वाली जगह पर काले रंग का पपड़ीदार घाव, जिसे एस्चर कहा जाता है, इसका महत्वपूर्ण संकेत हो सकता है। समय पर इलाज न मिलने पर संक्रमण गंभीर होकर निमोनिया, मस्तिष्क में सूजन, किडनी-लिवर संबंधी जटिलताओं और मल्टीपल ऑर्गन फेल्योर जैसी स्थिति पैदा कर सकता है।
स्वाइन फ्लू के मामले भी जारी
जिले में स्वाइन फ्लू का असर भी बना हुआ है। स्वास्थ्य विभाग द्वारा जांच के लिए भेजे गए 13 सैंपलों में से 6 पॉजिटिव पाए गए थे। इनमें जिला अस्पताल से भेजे गए तीन सैंपलों में से एक, एडीसी लैब के नौ में से चार और एसजे लैब से भेजे गए एक सैंपल में संक्रमण की पुष्टि हुई थी।
स्वाइन फ्लू से संक्रमित एक मरीज की 6 सितंबर को मौत भी हो चुकी है।
स्वास्थ्य विभाग ने जारी की सावधानी की सलाह
स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से झाड़ियों, खेतों और लंबे घास वाले क्षेत्रों में जाते समय पूरी बांह के कपड़े पहनने, शरीर को ढककर रखने और साफ-सफाई का ध्यान रखने की सलाह दी है।
विभाग ने कहा है कि लगातार बुखार, शरीर में दर्द या अन्य संदिग्ध लक्षण दिखाई देने पर इसे सामान्य वायरल समझकर नजरअंदाज न करें और तुरंत चिकित्सकीय जांच कराएं।





