कांकेर। जिले के सरोना वन परिक्षेत्र के अंतर्गत आने वाले अंदरूनी गांव छिंदखड़क के जंगल में वन विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए लकड़ी से लदे एक ट्रक और एक JCB मशीन को जब्त किया है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि जंगल क्षेत्र से काटी गई सेमल की लकड़ी को बाहर ले जाकर खपाने की तैयारी की जा रही थी।
वन विभाग को जंगल क्षेत्र में संदिग्ध गतिविधियों की सूचना मिली थी। इसके बाद विभाग की टीम मौके पर पहुंची और वहां मौजूद वाहनों व लकड़ी की जांच की। टीम ने लकड़ी से भरे ट्रक के साथ JCB को भी अपने कब्जे में ले लिया।
तीन लोगों से की जा रही पूछताछ
कार्रवाई के दौरान मौके पर मौजूद तीन लोगों से पूछताछ की जा रही है। वन विभाग उनसे यह जानकारी जुटाने का प्रयास कर रहा है कि लकड़ी की कटाई किसके निर्देश पर की गई, इसे कहां से लाया गया और आगे किस स्थान पर पहुंचाने की तैयारी थी।
अधिकारियों द्वारा संबंधित लोगों से लकड़ी की कटाई और परिवहन से जुड़े वैध दस्तावेज भी मांगे गए हैं।
लकड़ी की मात्रा और दस्तावेजों की जांच
वन विभाग की टीम जब्त की गई लकड़ी की वास्तविक मात्रा का आकलन कर रही है। इसके साथ ही ट्रक और JCB के इस्तेमाल की परिस्थितियों की भी जांच की जा रही है।
विभाग यह पता लगाने में जुटा है कि सेमल की लकड़ी जंगल के किस हिस्से से काटी गई थी और क्या इसके लिए किसी प्रकार की वैध अनुमति ली गई थी। परिवहन से जुड़े दस्तावेजों की भी बारीकी से जांच की जा रही है।
जंगल से बाहर खपाने की थी तैयारी
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, लकड़ी को जंगल क्षेत्र से बाहर ले जाकर किसी अन्य स्थान पर खपाने की तैयारी की जा रही थी। हालांकि लकड़ी को कहां पहुंचाया जाना था और इसके पीछे कौन लोग जुड़े थे, इसकी पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही होगी।
वन विभाग अब कटाई से लेकर परिवहन तक की पूरी कड़ी की जांच कर रहा है। यह भी देखा जा रहा है कि मामले में किसी अन्य व्यक्ति या समूह की भूमिका तो नहीं है।
जांच के बाद होगी आगे की कार्रवाई
फिलहाल ट्रक, JCB और जब्त लकड़ी वन विभाग के कब्जे में है। लकड़ी की मात्रा, उसके स्रोत और संबंधित दस्तावेजों का सत्यापन किया जा रहा है।
जांच में नियमों के उल्लंघन या अवैध कटाई और परिवहन की पुष्टि होने पर संबंधित लोगों के खिलाफ वन अधिनियम के प्रावधानों के तहत आगे की कार्रवाई की जाएगी।





