रायपुर। राज्य सरकार ने शासकीय कर्मचारियों के वेतन एवं सेवा लाभों से जुड़े नियमों में अहम बदलाव किया है। इसके तहत करीब 4.7 लाख कर्मचारियों को क्रमोन्नति वेतनमान और समयमान वेतनमान में से किसी एक विकल्प का चयन करना होगा।

सामान्य प्रशासन विभाग की ओर से जारी निर्देशों के मुताबिक, 31 मार्च 2026 तक नियुक्त सभी पात्र कर्मचारियों को 9 जुलाई 2026 तक अपना विकल्प संबंधित विभाग को उपलब्ध कराना होगा।

सरकार ने स्पष्ट किया है कि तय समयसीमा के भीतर विकल्प नहीं देने वाले कर्मचारियों को क्रमोन्नति योजना के अंतर्गत माना जाएगा। साथ ही, कर्मचारियों द्वारा एक बार चुना गया विकल्प अंतिम होगा और बाद में उसमें किसी प्रकार का बदलाव या संशोधन स्वीकार नहीं किया जाएगा।

इस निर्णय का असर राज्य के लाखों कर्मचारियों पर पड़ेगा, क्योंकि चुने गए विकल्प के आधार पर उनके वेतन और अन्य सेवा संबंधी लाभ निर्धारित होंगे। अधिकारियों ने कर्मचारियों से सभी पहलुओं पर विचार करने के बाद ही विकल्प चुनने की सलाह दी है।