अंबिकापुर। झारखंड के धनबाद स्थित वासेपुर से जुड़े कुख्यात गैंगस्टर सब्बीर आलम के छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर से एक बार फिर पुलिस को चकमा देकर फरार होने का मामला सामने आया है। आरोपी पिछले कई वर्षों से फर्जी पहचान के साथ किराए के मकान में रह रहा था। साइबर सर्विलांस के जरिए उसकी लोकेशन ट्रेस होने के बाद झारखंड पुलिस की विशेष टीम अंबिकापुर पहुंची, लेकिन गिरफ्तारी से ठीक पहले वह फरार हो गया।


जानकारी के अनुसार, सब्बीर आलम अंबिकापुर के हबीबनगर इलाके में एक मस्जिद के पास पहचान छिपाकर रह रहा था। तकनीकी निगरानी और खुफिया सूचना के आधार पर झारखंड पुलिस ने उसके ठिकाने की घेराबंदी की, लेकिन जैसे ही पुलिस ने कार्रवाई शुरू की, वह कार में सवार होकर मौके से भाग निकला। इसके बाद स्थानीय पुलिस को सूचना देकर संयुक्त रूप से उसकी तलाश शुरू कर दी गई।


पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, सब्बीर आलम का नाम धनबाद में कोयला कारोबार और गैंगवार से जुड़े कई चर्चित मामलों में सामने आ चुका है। वर्ष 2001 के दोहरे हत्याकांड में उसे अन्य आरोपियों के साथ दोषी ठहराया गया था। वर्ष 2018 में अदालत ने उसे आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी, लेकिन फैसले से पहले ही वह पुलिस हिरासत से फरार हो गया था और तभी से उसकी तलाश जारी है।


जांच में यह भी सामने आया है कि कोर्ट से फरार होने के बाद सब्बीर आलम अंबिकापुर में फर्जी पहचान के सहारे छिपकर रह रहा था। अब झारखंड और छत्तीसगढ़ पुलिस संयुक्त अभियान चलाकर उसकी तलाश कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि तकनीकी साक्ष्यों और अन्य सुरागों के आधार पर आरोपी को जल्द गिरफ्तार करने के प्रयास जारी हैं।