नई दिल्ली। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर जारी राजनीतिक विवाद के बीच कांग्रेस ने देश के कई हिस्सों में विरोध प्रदर्शन तेज कर दिया है। पार्टी कार्यकर्ताओं ने दिल्ली, उत्तर प्रदेश, तेलंगाना, महाराष्ट्र समेत कई राज्यों में मार्च और प्रदर्शन किए। कांग्रेस ने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली, SIR और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों पर सवाल उठाते हुए जवाबदेही और पारदर्शिता की मांग की।


दिल्ली में यूथ कांग्रेस का मार्च

दिल्ली में यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन किया और मार्च निकाला। पुलिस ने कई स्थानों पर बैरिकेडिंग की थी, इसके बावजूद कार्यकर्ता आगे बढ़ते रहे। प्रदर्शन के दौरान चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों को लेकर नारेबाजी की गई।

कांग्रेस कार्यकर्ताओं का कहना था कि चुनावी प्रक्रिया में लोगों का भरोसा बनाए रखने के लिए सभी सवालों का स्पष्ट जवाब सामने आना चाहिए।


हैदराबाद में भी निकाला गया विरोध मार्च

तेलंगाना में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष महेश कुमार गौड़ के नेतृत्व में पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने हैदराबाद में विरोध मार्च निकाला। कार्यकर्ताओं ने इंदिरा गांधी की प्रतिमा से चुनाव आयोग कार्यालय की ओर मार्च किया और चुनावी प्रक्रिया में अधिक पारदर्शिता की मांग की।

कांग्रेस नेताओं ने कहा कि मतदाता सूची से जुड़े विवादों और SIR प्रक्रिया को लेकर उठ रहे सवालों का समाधान संवैधानिक तरीके से होना चाहिए।


उत्तर प्रदेश में भी सड़कों पर उतरे कार्यकर्ता

उत्तर प्रदेश के कई शहरों में भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। उन्नाव में पार्टी कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया, जबकि मुरादाबाद में मुख्य चुनाव आयुक्त का पुतला जलाने की घटना सामने आई।

इसके अलावा देश के अन्य शहरों में भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने चुनाव आयोग से जुड़े मुद्दों को लेकर प्रदर्शन किए।


SIR और मतदाता सूची को लेकर कांग्रेस के आरोप

कांग्रेस नेतृत्व ने SIR और मतदाता सूची से जुड़े मामलों को लेकर चुनाव आयोग और केंद्र सरकार पर आरोप लगाए हैं। पार्टी का दावा है कि चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए इन मुद्दों की जांच जरूरी है।

कांग्रेस की ओर से लगाए गए ये आरोप राजनीतिक दावे हैं और इन पर अंतिम निष्कर्ष संबंधित संवैधानिक, प्रशासनिक या न्यायिक प्रक्रिया के आधार पर ही निकाला जा सकता है।


भाजपा ने आरोपों को किया खारिज

दूसरी ओर भाजपा ने कांग्रेस और विपक्षी दलों के आरोपों को खारिज किया है। भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने कहा कि विपक्षी दल चुनाव आयोग और संवैधानिक संस्थाओं पर अनावश्यक सवाल उठा रहे हैं।

भाजपा नेताओं का कहना है कि चुनावी नतीजों को लेकर असंतोष के कारण विपक्ष संवैधानिक संस्थाओं को निशाना बना रहा है।


30 सितंबर को INDIA गठबंधन की बैठक

इस राजनीतिक विवाद के बीच विपक्षी दलों की 30 सितंबर को INDIA गठबंधन की बैठक प्रस्तावित है। बैठक में SIR, चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त से जुड़े मुद्दों पर आगे की रणनीति पर चर्चा होने की संभावना है।

विपक्षी दलों की ओर से आगे भी इस मुद्दे को राजनीतिक और सार्वजनिक मंचों पर उठाए जाने के संकेत दिए गए हैं।