भानुप्रतापपुर। छत्तीसगढ़ के भानुप्रतापपुर क्षेत्र में बीती रात और रविवार सुबह हुए दो अलग-अलग हादसों में 14 मवेशियों की मौत हो गई। पहली घटना भैंसाकन्हार के पास रेलवे ट्रैक पर हुई, जहां ट्रेन की चपेट में आने से 10 मवेशियों ने दम तोड़ दिया। वहीं दूसरी घटना भानुप्रतापपुर के मुख्य चौक में हुई, जहां अज्ञात ट्रक की टक्कर से चार मवेशियों की मौत हो गई।
रेलवे ट्रैक पर 10 मवेशियों की मौत
जानकारी के अनुसार, भैंसाकन्हार गांव के पास रेलवे ट्रैक पर बीती रात मवेशियों का झुंड मौजूद था। इसी दौरान अचानक ट्रेन आ गई और ट्रैक पार कर रहे मवेशी उसकी चपेट में आ गए। हादसा इतना गंभीर था कि 10 मवेशियों की मौके पर ही मौत हो गई।
सभी मृत मवेशी गांव के पशुपालक रमेश उइके के बताए जा रहे हैं। घटना की जानकारी मिलने के बाद भानुप्रतापपुर एसडीएम गंगाधर वाहिले अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया।
पशु चिकित्सा विभाग ने किया पोस्टमार्टम
घटना के बाद पशु चिकित्सा विभाग की टीम भी मौके पर पहुंची। मृत मवेशियों का पोस्टमार्टम कराया गया और प्रशासन ने आगे की प्रक्रिया शुरू की। पशुपालक को नियमानुसार मुआवजा दिलाने के लिए भी कार्रवाई शुरू की गई है।
पशुपालक ने रेलवे व्यवस्था पर उठाए सवाल
मृत मवेशियों के मालिक रमेश उइके ने रेलवे ट्रैक पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि गांव के पास रेलवे ट्रैक पर लंबा मोड़ होने के कारण ट्रेन काफी नजदीक आने के बाद दिखाई देती है।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कई बार ट्रेन का हॉर्न समय पर सुनाई नहीं देता, जिससे आसपास चर रहे मवेशियों और पशुपालकों को ट्रेन आने की जानकारी नहीं मिल पाती। उन्होंने भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए रेलवे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है। यह पशुपालक का आरोप है।
मुख्य चौक में ट्रक ने चार मवेशियों को कुचला
दूसरा हादसा रविवार सुबह करीब 5 बजे भानुप्रतापपुर के मुख्य चौक में हुआ। यहां सड़क पर मौजूद मवेशियों को एक अज्ञात ट्रक ने टक्कर मार दी। हादसे में चार मवेशियों की मौके पर ही मौत हो गई।
घटना के बाद ट्रक चालक वाहन लेकर मौके से फरार बताया जा रहा है। स्थानीय लोगों ने इसकी जानकारी संबंधित अधिकारियों को दी, जिसके बाद पुलिस ने अज्ञात वाहन और चालक की तलाश शुरू कर दी है।
एक ही दिन में 14 मवेशियों की मौत से बढ़ी चिंता
भानुप्रतापपुर क्षेत्र में एक ही दिन में दो अलग-अलग हादसों में 14 मवेशियों की मौत से रेलवे ट्रैक और सड़कों पर खुले घूमने वाले पशुओं की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पशुपालकों को भी अपने मवेशियों की सुरक्षा को लेकर सावधानी बरतनी चाहिए, वहीं प्रशासन को ऐसे संवेदनशील स्थानों पर प्रभावी व्यवस्था करनी चाहिए जहां बार-बार हादसों की आशंका बनी रहती है।





