अंबिकापुर, 17 जुलाई 2026। छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में सूदखोरी और मानसिक प्रताड़ना से जुड़े आत्महत्या के एक मामले में कोतवाली पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी मृतक को ऊंचे ब्याज पर रुपये उधार देता था और लगातार रकम की वसूली के लिए दबाव बनाकर धमकियां देता था। इसी मानसिक प्रताड़ना से परेशान होकर युवक ने आत्महत्या कर ली।
ऊंचे ब्याज का कर्ज बना मौत की वजह
पुलिस के अनुसार, आरोपी ने मृतक को अत्यधिक ब्याज दर पर पैसे उधार दिए थे। कर्ज देने के बाद वह लगातार पैसे लौटाने के लिए दबाव बनाता रहा और धमकाता था। लंबे समय तक चली इस प्रताड़ना के कारण मृतक मानसिक तनाव में रहने लगा और अंततः उसने आत्महत्या जैसा कदम उठा लिया।
सुसाइड नोट और बैंक रिकॉर्ड बने अहम साक्ष्य
जांच के दौरान पुलिस को मृतक का एक सुसाइड नोट मिला, जिसमें आरोपी का स्पष्ट उल्लेख था। इसके अलावा परिजनों के बयान और बैंक खातों के लेनदेन की जांच में भी आरोपी की संलिप्तता के पर्याप्त साक्ष्य मिले। इन सबूतों के आधार पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार कर लिया।
मोबाइल फोन भी किया जब्त
पुलिस ने आरोपी के कब्जे से घटना से संबंधित एक मोबाइल फोन भी जब्त किया है। अधिकारियों का मानना है कि मोबाइल से जांच में और महत्वपूर्ण जानकारियां मिल सकती हैं, जिससे मामले के अन्य पहलुओं का भी खुलासा हो सकता है।
बीएनएस और कर्जा एक्ट के तहत कार्रवाई
कोतवाली पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं तथा कर्जा एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। पूछताछ के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है। पुलिस पूरे मामले की विस्तृत जांच कर रही है।





