मुंबई। बॉलीवुड अभिनेता सनी देओल ने पान मसाला और गुटखा से जुड़े विज्ञापन नहीं करने के अपने फैसले पर खुलकर बात की है। उनका कहना है कि वे किसी ऐसी चीज का प्रचार नहीं करना चाहते, जिस पर उन्हें खुद भरोसा न हो। सनी के मुताबिक, उन्हें इस तरह के विज्ञापनों के ऑफर मिलते रहे हैं, लेकिन वे अपने सिद्धांतों के कारण इन्हें स्वीकार नहीं करते।


बोले- मेरा जमीर इसकी इजाजत नहीं देता

पत्रकार शुभंकर मिश्रा के साथ एक पॉडकास्ट में सनी देओल से पान मसाला के विज्ञापनों से दूरी बनाने को लेकर सवाल किया गया। इस पर उन्होंने साफ कहा कि वे पान मसाला का विज्ञापन नहीं करते और भविष्य में भी ऐसा करने का इरादा नहीं है।

सनी देओल ने कहा कि ऑफर आने के बावजूद वे ऐसी चीजों को प्रमोट नहीं करना चाहते, जिन पर उनका विश्वास नहीं है। उन्होंने कहा कि उनका जमीर उन्हें ऐसे उत्पादों का प्रचार करने की अनुमति नहीं देता, जिन्हें वे खुद सही नहीं मानते।


विज्ञापन कम मिलने पर भी दिया जवाब

बातचीत के दौरान सनी देओल से यह भी पूछा गया कि अमिताभ बच्चन, शाहरुख खान, ऋतिक रोशन और अजय देवगन जैसे कई बड़े सितारे विभिन्न ब्रांड के विज्ञापनों में दिखाई देते हैं, जबकि वे विज्ञापनों में अपेक्षाकृत कम नजर आते हैं।

इस पर 68 वर्षीय अभिनेता ने कहा कि उन्हें खुद नहीं पता कि विज्ञापन के प्रस्ताव उनके पास ज्यादा क्यों नहीं आते। उन्होंने इसकी तुलना अपने करियर के उस दौर से की, जब उन्हें फिल्में भी कम मिल रही थीं।


पान मसाला के विज्ञापनों पर फिर छिड़ी बहस

सनी देओल का यह बयान ऐसे समय सामने आया है, जब पान मसाला से जुड़े कथित सरोगेट विज्ञापनों को लेकर एक बार फिर चर्चा तेज है।

महाराष्ट्र फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (FDA) ने अभिनेता अजय देवगन, शाहरुख खान और टाइगर श्रॉफ को ‘विमल इलायची’ के विज्ञापन से जुड़े मामले में कारण बताओ नोटिस जारी किया है। FDA का दावा है कि संबंधित विज्ञापन प्रतिबंधित पान मसाला ब्रांड के अप्रत्यक्ष प्रचार यानी सरोगेट एडवरटाइजिंग के दायरे में आ सकता है।


FDA ने मांगा जवाब

महाराष्ट्र FDA ने तीनों अभिनेताओं से विज्ञापन में उनकी भूमिका को लेकर स्पष्टीकरण मांगा है। नियामक इस बात की जांच कर रहा है कि इलायची के विज्ञापन के जरिए पान मसाला ब्रांड का अप्रत्यक्ष प्रचार तो नहीं किया जा रहा।

इसी बीच सनी देओल का पान मसाला और गुटखा से जुड़े विज्ञापन नहीं करने वाला बयान सामने आने के बाद फिल्मी सितारों द्वारा ऐसे उत्पादों के प्रचार को लेकर बहस एक बार फिर तेज हो गई है।