खैरागढ़। छत्तीसगढ़ में महिला सुरक्षा और आदिवासी महिलाओं के अधिकारों को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। अखिल भारतीय महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय सचिव एवं तेलंगाना प्रभारी मयूरी सिंह ने प्रदेश की भाजपा सरकार पर सवाल उठाते हुए छत्तीसगढ़ प्रभारी स्मृति ईरानी से जवाब मांगा है। उन्होंने कहा कि महिला सुरक्षा, सम्मान और आदिवासी समुदाय के अधिकारों को लेकर सरकार को अपनी नीतियां और अब तक उठाए गए कदम सार्वजनिक करने चाहिए।
महिला सुरक्षा को लेकर स्मृति ईरानी से पूछे सवाल
मयूरी सिंह ने कहा कि छत्तीसगढ़ में कांग्रेस की सरकार के दौरान स्मृति ईरानी महिला सुरक्षा और महिलाओं से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर लगातार सवाल उठाती थीं। अब प्रदेश में भाजपा की सरकार है और स्मृति ईरानी को छत्तीसगढ़ की जिम्मेदारी मिली है। ऐसे में उन्हें बताना चाहिए कि महिलाओं की सुरक्षा और सम्मान सुनिश्चित करने के लिए सरकार ने कौन-कौन से ठोस कदम उठाए हैं।
उन्होंने कहा कि प्रदेश की महिलाएं सरकार से सुरक्षा व्यवस्था, अपने अधिकारों और भविष्य को लेकर स्पष्ट जवाब चाहती हैं।
सत्ता बदलने से खत्म नहीं होती जवाबदेही
कांग्रेस नेत्री ने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्ष में रहते हुए जिन मुद्दों पर सवाल उठाए जाते थे, सत्ता में आने के बाद उन्हीं विषयों पर जवाब देना भी जरूरी है।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में सरकार की जवाबदेही लगातार बनी रहती है। महिला सुरक्षा जैसे संवेदनशील विषय पर केवल राजनीतिक बयान देने के बजाय प्रभावी कदम उठाने और उनकी जानकारी जनता के सामने रखने की आवश्यकता है।
हसदेव अरण्य में जंगलों की कटाई और खनन का मुद्दा उठाया
मयूरी सिंह ने हसदेव अरण्य में जंगलों की कटाई और खनन से जुड़े विवादों को लेकर भी सरकार से स्थिति स्पष्ट करने की मांग की।
उन्होंने कहा कि आदिवासी समुदाय, विशेषकर महिलाओं का जीवन और आजीविका जल, जंगल और जमीन से जुड़ी हुई है। जंगलों और प्राकृतिक संसाधनों पर पड़ने वाला प्रभाव उनके जीवन, रोजगार और सांस्कृतिक पहचान से सीधे तौर पर जुड़ा है।
मयूरी सिंह ने सवाल किया कि प्रभावित आदिवासी परिवारों और महिलाओं के अधिकारों की रक्षा के लिए राज्य सरकार ने क्या कार्ययोजना तैयार की है।
आदिवासी महिलाओं के भविष्य को लेकर मांगा जवाब
महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय सचिव ने कहा कि हसदेव अरण्य से जुड़े विषयों पर सरकार को प्रभावित परिवारों की चिंताओं को गंभीरता से लेना चाहिए।
उन्होंने मांग की कि प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण, स्थानीय लोगों की आजीविका और आदिवासी महिलाओं के अधिकारों को लेकर सरकार अपनी स्थिति स्पष्ट करे। साथ ही स्मृति ईरानी को भी इन मुद्दों पर अपना पक्ष सार्वजनिक करना चाहिए।
महिला सुरक्षा पर ठोस कार्ययोजना सार्वजनिक करे सरकार
मयूरी सिंह ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा और सम्मान केवल राजनीतिक चर्चा का विषय नहीं होना चाहिए। सरकार को यह बताना चाहिए कि महिला सुरक्षा उसकी प्राथमिकताओं में किस स्थान पर है और इस दिशा में अब तक क्या प्रयास किए गए हैं।
उन्होंने आदिवासी महिलाओं के जल, जंगल और जमीन से जुड़े अधिकारों की सुरक्षा के लिए बनाई गई योजनाओं की जानकारी भी सार्वजनिक करने की मांग की।
महिला कांग्रेस लगातार उठाएगी महिलाओं के मुद्दे
मयूरी सिंह ने कहा कि जिन मुद्दों को लेकर भाजपा पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार से सवाल करती थी, उन पर वर्तमान सरकार को भी अपने कामकाज का विवरण देना चाहिए।
उन्होंने स्पष्ट किया कि अखिल भारतीय महिला कांग्रेस प्रदेश में महिला सुरक्षा, सम्मान और आदिवासी महिलाओं के अधिकारों से जुड़े विषयों को लगातार उठाती रहेगी तथा सरकार से जवाबदेही की मांग करती रहेगी।





