Kanwar Yatra Song 2026: सावन के पवित्र महीने में कांवड़ यात्रा का उत्साह चरम पर है। सड़कों पर भोलेनाथ के जयकारों के साथ डीजे और भक्ति गीतों की धुन भी शिवभक्तों में जोश भर रही है। इस बीच हरियाणवी गायक राज मावर और अमन जाजी का भक्ति गीत ‘जी लागे से बाब्या में’ (Ji Laage Se Babya Mai) कांवड़ियों के बीच खूब लोकप्रिय हो रहा है।
कांवड़ यात्रा के दौरान डीजे से लेकर गली-मोहल्लों तक इस गाने की धुन सुनाई दे रही है। दमदार बीट्स और शिवभक्ति से जुड़े बोलों के कारण यह गीत युवाओं और कांवड़ियों के बीच तेजी से लोकप्रिय हुआ है।
YouTube पर 157 मिलियन से ज्यादा व्यूज
साल 2025 में रिलीज हुए इस हरियाणवी भक्ति गीत ने डिजिटल प्लेटफॉर्म पर भी बड़ी लोकप्रियता हासिल की है। गाने को YouTube पर 157 मिलियन यानी 15.7 करोड़ से अधिक व्यूज मिलने का दावा किया जा रहा है।
सावन के दौरान इसकी लोकप्रियता एक बार फिर बढ़ गई है। 11 अगस्त को होने वाले जलाभिषेक से पहले कांवड़ लेकर लौट रहे शिवभक्त कई स्थानों पर इस गाने की धुन पर झूमते नजर आ रहे हैं।
कांवड़ यात्रा में लगातार बजने और शिवभक्तों के बीच लोकप्रियता के चलते सोशल मीडिया पर इसे 2026 की कांवड़ यात्रा का अनौपचारिक ‘एंथम’ भी कहा जा रहा है।
पारंपरिक हरियाणवी धुन और मॉडर्न बीट्स का मेल
‘जी लागे से बाब्या में’ की लोकप्रियता के पीछे इसकी म्यूजिक कंपोजिशन को भी बड़ी वजह माना जा रहा है। गाने में पारंपरिक हरियाणवी संगीत के साथ आधुनिक इलेक्ट्रॉनिक बीट्स का इस्तेमाल किया गया है।
भक्ति गीत होने के बावजूद इसका एनर्जेटिक म्यूजिक युवाओं को आकर्षित कर रहा है। यही वजह है कि धार्मिक आयोजनों के साथ कांवड़ यात्रा के डीजे पर भी यह गाना खूब बजाया जा रहा है।
राज मावर के गानों का युवाओं में क्रेज
हरियाणवी म्यूजिक इंडस्ट्री में राज मावर एक जाना-पहचाना नाम हैं। उनका जन्म 13 अप्रैल 1994 को हरियाणा के सिरसा में हुआ था। वे गायक होने के साथ गीतकार, म्यूजिक कंपोजर और अभिनेता के रूप में भी सक्रिय हैं।
राज मावर ने वर्ष 2010-11 के आसपास अपने संगीत करियर की शुरुआत की थी। उन्हें भोलेनाथ से जुड़े लोकप्रिय गीत ‘मैं तेरी नचाई नाचूं सूं’ से बड़ी पहचान मिली।
इसके बाद उन्होंने हरियाणवी म्यूजिक इंडस्ट्री में कई चर्चित गाने दिए। ‘मटक चालूंगी’, ‘स्कॉर्पियो’ और ‘चेतक’ जैसे गानों ने भी उन्हें युवाओं के बीच लोकप्रिय बनाया।
सावन में फिर छाया भोलेनाथ का भक्ति गीत
सावन और कांवड़ यात्रा के दौरान हर साल कई नए और पुराने शिव भजन चर्चा में आते हैं। इस बार ‘जी लागे से बाब्या में’ अपनी एनर्जेटिक धुन के कारण कांवड़ियों के बीच खास जगह बनाता दिखाई दे रहा है।
कांवड़ मार्गों, धार्मिक आयोजनों और सोशल मीडिया पर इसकी बढ़ती लोकप्रियता ने इसे सावन 2026 के चर्चित हरियाणवी भक्ति गीतों में शामिल कर दिया है।





