रायपुर। विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कांग्रेस ने आंदोलन तेज करने की तैयारी शुरू कर दी है। पार्टी हाईकमान ने छत्तीसगढ़ के कांग्रेस विधायकों को दिल्ली बुलाया है। सोमवार, 12 अक्टूबर को प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन में शामिल होने के लिए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज, पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत समेत कई वरिष्ठ नेता रविवार शाम दिल्ली रवाना होंगे।
दिल्ली में कांग्रेस हाईकमान के साथ होगी महत्वपूर्ण बैठक
जानकारी के अनुसार, दिल्ली में प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन से पहले कांग्रेस मुख्यालय में पार्टी हाईकमान के साथ छत्तीसगढ़ के विधायकों की बैठक आयोजित की जाएगी। इस दौरान आंदोलन की रणनीति और आगामी कार्यक्रमों को लेकर चर्चा होगी।
बताया जा रहा है कि कांग्रेस सोमवार को सुप्रीम कोर्ट तक मार्च निकालने की तैयारी कर रही है। पार्टी ने SIR की प्रक्रिया और मुख्य चुनाव आयुक्त की कार्यप्रणाली को लेकर सवाल उठाए हैं।
शाम 6:40 बजे दिल्ली रवाना होंगे कांग्रेस नेता
कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं और विधायकों के रविवार शाम 6:40 बजे दिल्ली रवाना होने का कार्यक्रम है। इस दौरान प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज, पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत सहित अन्य विधायक आंदोलन में भाग लेने के लिए राजधानी पहुंचेंगे।
दिल्ली में होने वाले इस प्रदर्शन को लेकर पार्टी संगठन स्तर पर तैयारियां की जा रही हैं।
अमरजीत भगत ने केंद्र सरकार पर साधा निशाना
इस मामले में पूर्व मंत्री अमरजीत भगत ने केंद्र की भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार की नीतियों के कारण देश में संवैधानिक संकट जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई है।
भगत ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग केंद्र सरकार के प्रभाव में काम कर रहा है और मतदाता सूची से लोगों के नाम हटाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे को लेकर देशभर में विरोध हो रहा है।
चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर उठाए सवाल
पूर्व मंत्री अमरजीत भगत ने कहा कि निर्वाचन आयोग की जिम्मेदारी स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव कराना है, लेकिन उसकी कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
उन्होंने दावा किया कि INDIA गठबंधन के साथ युवा वर्ग भी इस मुद्दे पर आंदोलन कर रहा है। राहुल गांधी और कांग्रेस के अन्य वरिष्ठ नेता लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए आवाज उठा रहे हैं।
दिल्ली के प्रदर्शन पर टिकी राजनीतिक निगाहें
सोमवार को प्रस्तावित प्रदर्शन में छत्तीसगढ़ के कांग्रेस नेताओं की भागीदारी को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। पार्टी इस आंदोलन के जरिए मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण और चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली को लेकर अपनी आपत्तियां दर्ज कराना चाहती है।
फिलहाल कांग्रेस हाईकमान के बुलावे के बाद प्रदेश के नेताओं की दिल्ली रवानगी की तैयारियां तेज हो गई हैं। अब सभी की निगाहें सोमवार को होने वाले प्रदर्शन और पार्टी की आगामी रणनीति पर टिकी हैं।





