रायपुर। छत्तीसगढ़ में विभिन्न सरकारी विभागों और कार्यालयों पर बिजली बिल का बकाया लगातार बढ़ने के बाद राज्य सरकार ने इसे गंभीरता से लिया है। अब सभी विभागों को समय पर बिजली बिल का भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि बकाया राशि में कमी लाई जा सके और बिजली आपूर्ति व्यवस्था प्रभावित न हो।
विभागों पर करोड़ों रुपये का बकाया
जानकारी के अनुसार, कई सरकारी विभाग लंबे समय से बिजली बिल का नियमित भुगतान नहीं कर रहे हैं। इसके चलते बिजली वितरण कंपनियों पर वित्तीय दबाव बढ़ रहा है। सरकार ने सभी विभागों से बकाया राशि का ब्यौरा मांगा है और जल्द से जल्द भुगतान करने के निर्देश दिए हैं।
समय पर भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश
राज्य सरकार ने सभी विभागाध्यक्षों और संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि वे अपने-अपने कार्यालयों के बिजली बिलों का नियमित भुगतान करें। साथ ही भविष्य में किसी भी प्रकार का बकाया न बनने पाए, इसके लिए आवश्यक वित्तीय प्रबंधन सुनिश्चित करने को कहा गया है।
बिजली कंपनियों को मिलेगा लाभ
सरकारी विभागों से समय पर भुगतान होने पर बिजली वितरण कंपनियों की वित्तीय स्थिति मजबूत होगी। इससे बिजली आपूर्ति, रखरखाव और नई परियोजनाओं के संचालन में भी सहायता मिलेगी। सरकार का मानना है कि नियमित भुगतान से विद्युत सेवाओं की गुणवत्ता में भी सुधार होगा।
निगरानी और समीक्षा होगी
बिजली बिलों के भुगतान की नियमित समीक्षा की जाएगी। जिन विभागों में लगातार बकाया पाया जाएगा, उनसे जवाब-तलब किया जा सकता है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि वित्तीय अनुशासन बनाए रखने के लिए सभी विभागों को तय समय सीमा के भीतर भुगतान करना होगा।
वित्तीय अनुशासन पर सरकार का जोर
राज्य सरकार का कहना है कि सार्वजनिक धन का पारदर्शी और जिम्मेदार उपयोग उसकी प्राथमिकता है। इसी उद्देश्य से सभी विभागों को वित्तीय अनुशासन का पालन करते हुए बिजली बिलों सहित अन्य देय भुगतानों का समय पर निपटारा करने के निर्देश दिए गए हैं।





