रायपुर। छत्तीसगढ़ में कांग्रेस की ओर से मुख्यमंत्री पद के संभावित चेहरों को लेकर चल रही चर्चाओं पर वरिष्ठ भाजपा विधायक अजय चंद्राकर ने तंज कसा है। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि कांग्रेस में फिर वही चार नाम सामने आ रहे हैं और इस पर उन्होंने व्यंग्यात्मक टिप्पणी करते हुए कहा कि “सपना देखने में क्या बुराई है।”
कांग्रेस के पुराने चेहरों पर साधा निशाना
अजय चंद्राकर ने कांग्रेस सरकार के पिछले कार्यकाल का जिक्र करते हुए कहा कि जनता उस दौर को देख चुकी है। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस के कई नेता अब राजनीतिक रूप से प्रभावहीन हो चुके हैं। यह भाजपा नेता का राजनीतिक आरोप है, जिस पर कांग्रेस ने भी प्रतिक्रिया दी है।
प्रार्थना सभा के आवेदन पर भी उठाए सवाल
धमतरी समेत कुछ क्षेत्रों में प्रार्थना सभा में शामिल होने के लिए आवेदन मिलने के दावों पर भी चंद्राकर ने सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि धार्मिक स्थलों या प्रार्थना सभाओं में जाने के लिए आवेदन की बात उन्हें असामान्य लगती है। उन्होंने आरोप लगाया कि मिशनरियां कानून से बचने के लिए नए तरीके अपना रही हैं।
अमित जोगी की संभावित कांग्रेस एंट्री पर टिप्पणी
कांग्रेस में अमित जोगी की संभावित एंट्री को लेकर चल रही चर्चाओं पर भी अजय चंद्राकर ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि यदि अमित जोगी कांग्रेस में आते हैं तो पार्टी के भीतर कई नेताओं की राजनीतिक स्थिति प्रभावित हो सकती है। यह भी चंद्राकर का राजनीतिक आकलन है।
कांग्रेस ने किया पलटवार
अजय चंद्राकर के बयान पर कांग्रेस संचार प्रमुख सुशील आनंद शुक्ला ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि चंद्राकर की टिप्पणी उनकी अपनी राजनीतिक स्थिति को दर्शाती है। शुक्ला ने भाजपा पर कांग्रेस नेताओं को निशाना बनाने का आरोप लगाया और कहा कि भाजपा को अपनी सरकार की उपलब्धियों पर बात करनी चाहिए।
छत्तीसगढ़ में कांग्रेस के संभावित नेतृत्व और आगामी राजनीतिक रणनीति को लेकर बयानबाजी तेज होती जा रही है। भाजपा और कांग्रेस दोनों ही एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप कर रहे हैं।





