रायपुर। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद अब छत्तीसगढ़ में भी शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव के इस्तीफे की मांग तेज हो गई है। रविवार को राजधानी रायपुर के अंबेडकर चौक पर बड़ी संख्या में छात्र एकत्र हुए और 12वीं बोर्ड के हिंदी विषय के कथित पेपर लीक मामले को लेकर प्रदर्शन किया। इस आंदोलन को एनएसयूआई का भी समर्थन मिला।


पेपर लीक रोकने के लिए सख्त कानून की मांग

प्रदर्शनकारी छात्रों ने कहा कि लगातार सामने आ रहे पेपर लीक के मामलों से विद्यार्थियों का भविष्य प्रभावित हो रहा है। उन्होंने सरकार से ऐसी घटनाओं पर रोक लगाने के लिए सख्त और प्रभावी कानून बनाने तथा दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की।


हरिका राव के परिवार को न्याय और मुआवजा देने की मांग

प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने री-नीट परीक्षा से जुड़े घटनाक्रम के बाद आत्महत्या करने वाली हरिका राव के परिवार को न्याय और उचित मुआवजा देने की भी मांग उठाई। छात्रों का कहना था कि परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जानी चाहिए।


एनएसयूआई ने जताया समर्थन

छात्रों के इस प्रदर्शन में एनएसयूआई के कार्यकर्ता भी शामिल हुए। संगठन ने छात्रों की मांगों का समर्थन करते हुए कहा कि पेपर लीक जैसी घटनाओं पर तत्काल रोक लगनी चाहिए और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए। प्रदर्शनकारियों ने सरकार से शिक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए प्रभावी कदम उठाने की भी मांग की।