18 साल पुराने मारपीट मामले में हाईकोर्ट का नरम रुख, दोष बरकरार; सजा अवधि घटाई
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने वर्ष 2005 के चर्चित मारपीट प्रकरण में महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है। अदालत ने आरोपियों की दोषसिद्धि को कायम रखते हुए सजा में राहत दी है। कोर्ट ने सभी अपीलकर्ताओं की जेल सजा को पहले से काटी गई अवधि तक सीमित कर दिया।
हाईकोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि मामला करीब 18 वर्ष पुराना है और इसकी अपील वर्ष 2008 से लंबित थी। ऐसे में इतने लंबे समय बाद आरोपियों को दोबारा जेल भेजना उचित नहीं माना जा सकता। अदालत ने स्पष्ट किया कि वर्तमान परिस्थितियों में न्याय का उद्देश्य आरोपियों द्वारा पहले से भुगती गई सजा से ही पूरा हो जाता है।





