दंतेवाड़ा। हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा काट रहे एक शातिर अपराधी को दंतेवाड़ा पुलिस ने 21 वर्ष की लंबी फरारी के बाद गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। वर्ष 2005 में केंद्रीय जेल जगदलपुर से 14 दिनों की पैरोल पर बाहर आने के बाद यह बंदी निर्धारित अवधि बीतने पर भी वापस जेल नहीं लौटा और फरार हो गया था। इसके बाद से वह अपनी पहचान छुपाकर पड़ोसी राज्य तेलंगाना में रह रहा था। पुलिस ने एक विशेष अभियान चलाकर उसे दबोचा और कानूनी प्रक्रिया पूरी कर पुनः जेल भेज दिया है।
केंद्रीय जेल जगदलपुर से हुआ था फरार
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, कटेकल्याण थाना क्षेत्र के डोंगरीपारा का निवासी सोढ़ी मासा (45 वर्ष) वर्ष 2001 के एक हत्या के मामले में दोषी करार दिए जाने के बाद केंद्रीय जेल जगदलपुर में अपनी सजा काट रहा था। वर्ष 2005 में उसे न्यायालय से 14 दिनों की पैरोल स्वीकृत हुई थी। पैरोल की अवधि समाप्त होने के बावजूद जब वह जेल नहीं पहुंचा, तो जेल प्रशासन की रिपोर्ट पर पुलिस उसकी सरगर्मी से तलाश कर रही थी।
तेलंगाना में बदल ली थी पहचान
दंतेवाड़ा पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में फरार स्थायी वारंटियों की धरपकड़ के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के दौरान पुलिस को मुखबिर से सोढ़ी मासा के तेलंगाना में होने की सटीक सूचना मिली। वह वहां अपनी पहचान बदलकर मजदूरी कर रहा था। पुलिस की एक विशेष टीम ने तत्काल दबिश देकर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।





