कोंडागांव। छत्तीसगढ़ में सर्व पिछड़ा वर्ग समाज ने अपनी तीन प्रमुख मांगों को लेकर चरणबद्ध आंदोलन तेज कर दिया है। इसी कड़ी में शनिवार को कोंडागांव में समाज के लोगों ने रैली निकाली और विकास नगर स्टेडियम में बड़ी सभा की। आयोजकों के अनुसार, आंदोलन में करीब 12 हजार लोग शामिल हुए। भीड़ को देखते हुए पुलिस ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए बैरिकेडिंग की।


तीन प्रमुख मांगों को लेकर खोला मोर्चा

सर्व पिछड़ा वर्ग समाज की प्रमुख मांगों में 27 प्रतिशत आरक्षण, पेसा कानून के दायरे में शामिल किए जाने और जातिगत जनगणना सर्वे फॉर्म में समाज के लिए अलग कॉलम व कोड की व्यवस्था शामिल है। समाज ने इन मांगों के साथ अपने सर्वांगीण विकास से जुड़े मुद्दों को भी उठाया है।


कांकेर के बाद कोंडागांव में दूसरा चरण

समाज की ओर से प्रदेशभर में चरणबद्ध आंदोलन किया जा रहा है। पहले चरण में कांकेर में प्रदर्शन किया गया था, जबकि दूसरे चरण के तहत कोंडागांव में बड़ी संख्या में लोग एकजुट हुए। समाज ने कहा है कि मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा।


संभागवार जारी रहेगा आंदोलन

सर्व पिछड़ा वर्ग समाज के संभागीय अध्यक्ष तरुण सिंह ने कहा कि समाज अपने अधिकारों को लेकर एकजुट होकर आवाज उठा रहा है। उन्होंने बताया कि कोंडागांव के बाद अगले चरण में सुकमा जिले में 31 अक्टूबर को आंदोलन प्रस्तावित है। इसके बाद भी संभागवार कार्यक्रम जारी रहेंगे।


सरकार से मांगों पर निर्णय की अपील

समाज के पदाधिकारियों ने राज्य सरकार से उनकी मांगों पर जल्द निर्णय लेने की अपील की है। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि मांगों पर सकारात्मक पहल नहीं हुई तो चरणबद्ध आंदोलन आगे भी जारी रहेगा।