जगदलपुर। छत्तीसगढ़ के बस्तर में लगातार हो रही भारी बारिश से एक ओर बाढ़ के हालात बने हुए हैं, वहीं दूसरी ओर प्रसिद्ध चित्रकोट वाटरफॉल का अद्भुत और विशाल स्वरूप देखने को मिल रहा है। खाटीगुड़ा डैम के तीन और मुरान बांध के दो गेट खोले जाने के बाद इंद्रावती नदी पूरे उफान पर है। नदी का जलस्तर बढ़ने से चित्रकोट जलप्रपात का प्रवाह बेहद तेज हो गया है।


सालों बाद सितंबर के आखिर में दिखा ऐसा नजारा

कई वर्षों बाद सितंबर के अंतिम दिनों में चित्रकोट वाटरफॉल में इस तरह का विशाल जलप्रवाह देखने को मिला है। जलप्रपात के आसपास का पूरा क्षेत्र पानी से भर गया है और ऊंचाई से गिरता पानी बेहद आकर्षक दृश्य प्रस्तुत कर रहा है।

सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पर्यटकों को वाटरफॉल के नजदीक जाने की अनुमति नहीं दी गई है। प्रशासन की ओर से लोगों से निर्धारित सुरक्षित स्थानों से ही नजारा देखने की अपील की जा रही है।


पूरी गर्जना के साथ बह रहा चित्रकोट

इंद्रावती नदी में बढ़े जलस्तर के कारण चित्रकोट वाटरफॉल पूरे वेग के साथ बह रहा है। पानी की तेज गर्जना और विशाल जलधारा ने इस प्राकृतिक पर्यटन स्थल की खूबसूरती को और बढ़ा दिया है। दूर से ही जलप्रपात का भव्य स्वरूप लोगों को आकर्षित कर रहा है।


बालोद में छलका तांदुला जलाशय

इधर बालोद जिले में भी लगातार हो रही मूसलाधार बारिश का असर साफ दिखाई दे रहा है। कई इलाकों में जलभराव की स्थिति के बीच जिले के प्रसिद्ध तांदुला जलाशय से राहत और खुशी की तस्वीर सामने आई है।

जिले की जीवनरेखा कहे जाने वाला तांदुला जलाशय पूरी क्षमता तक भरने के बाद छलक उठा है। शनिवार सुबह जलाशय का पानी ओवरफ्लो प्वाइंट से बाहर निकलने लगा।


तेज बहाव ने बढ़ाई जलाशय की खूबसूरती

तांदुला जलाशय के छलकते ही यहां का नजारा बेहद खूबसूरत हो गया है। तेज धार के साथ बहता पानी, आसपास का हरियाली भरा माहौल और लगातार हो रही बारिश ने पूरे क्षेत्र को आकर्षक बना दिया है।

जलाशय के ओवरफ्लो होने की खबर के बाद आसपास के लोगों में भी उत्साह देखा जा रहा है।


जिलेवासियों का इंतजार हुआ खत्म

हर साल मानसून के दौरान बालोद जिले के लोग तांदुला जलाशय के जलस्तर पर नजर बनाए रखते हैं और इसके छलकने का इंतजार करते हैं। इस बार लगातार हुई तेज बारिश ने आखिरकार उनका इंतजार खत्म कर दिया।

तांदुला जलाशय का भरना क्षेत्र के लिए इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जाता है क्योंकि इससे सिंचाई, जलापूर्ति और आसपास के क्षेत्रों की जल जरूरतों को पूरा करने में मदद मिलती है।


बारिश की मुश्किलों के बीच प्रकृति का खूबसूरत रूप

जहां भारी बारिश ने कई जिलों में जनजीवन को प्रभावित किया है, वहीं चित्रकोट वाटरफॉल और तांदुला जलाशय का यह रूप प्रकृति का अलग ही दृश्य पेश कर रहा है।

हालांकि प्रशासन लगातार लोगों से अपील कर रहा है कि तेज बहाव वाले क्षेत्रों, नदी-नालों और जलप्रपातों के बेहद करीब न जाएं और सुरक्षा निर्देशों का पालन करें।